Letter written on 18 Mar 1966 (Sohan)

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Letter written to Ma Yoga Sohan on 18 Mar 1966. It is unknown if it has been published or not.

Sohan img618.jpg

Acharya Rajnish

Jeevan Jagruti Kendra, 115, Napier Town, Jabalpur (M.P.)

ट्रेन से
१८/३/१९६६

प्यारी सोहन,
प्रेम। मैं १ अप्रैल को नासिक बोल रहा हूँ। २ अप्रैल को १२ बजे वहां से पूना के लिए कार से निकलूंगा। पूना से कार आयेगी। तू उसमे मुझे लेने आनाना। १ अप्रैल की रात्रि ही तू आजावे तो और भी अच्छा है। श्री० पुंगलिया के लिए एक पत्र साथ में हैं, सो उन्हें भेज देना। थोड़ी ही देर में कल्याण आजावेगा और मैं वहां तेरी प्रतीक्षा करूँगा। तेरे वहां होने की कोई भी आशा नहीं है फिर भी जीवन में चमत्कार भी तो होते ही है ! माणिक बाबू को प्रेम। बच्चों को आशीष। यह ध्यान रखना कि पूना में ज्यादा कार्यक्रम न रखे जावें।

रजनीश के प्रणाम

Translation
"From the train
18/3/1966
Dear Sohan,
Love. I will speak on 1st April at Nashik. I will start for Poona at 12 o’clock for Poona by car on 2nd April. The car will come from Poona. You come to take me. If you come on 1st April night, it would be much better. A letter for Shree Pungaliya Ji is with this (letter), that you send to him. Kalyan will come shortly and I will wait there. There is no hope of you being there, still miracles do happen in the life! Love to Manik Babu. Blessings to the children. Keep in mind not to arrange more programs in Poona.
Rajneesh Ke Pranam"


See also
Letters to Sohan ~ 063 - The event of this letter.
Letters to Sohan and Manik - Overview page of these letters.